वक्फ संशोधन बिल लोकसभा से पारित हो चुका है. आज यह बिल ऊपरी सदन यानि राज्यसभा में केंद्री मंत्री किरेन रिजिजू ने पेश कर दिया है. राज्यसभा में भी इस विधेयक पर बहस के लिए आठ घंटे का समय निर्धारित किया गया है. किरेन रिजिजू ने कांग्रेस सहित सभी विपक्षी दलों से बिल का समर्थन करने की अपील की.
केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, “आज की स्थिति में, 8.72 लाख वक्फ संपत्तियां हैं. 2006 में, अगर सच्चर समिति ने 4.9 लाख वक्फ संपत्तियों से 12,000 करोड़ रुपये की कमाई का अनुमान लगाया था, तो आप कल्पना कर सकते हैं कि ये संपत्तियां अब कितनी आय उत्पन्न कर रही होंगी.”
यहां भी बीजेपी के सहयोगी दल, जेडीयू, टीडीपी, शिवसेना और एनसीपी का सरकार को समर्थन प्राप्त है. सरकार को ऊपरी सदन में बिल पास कराने में ज्यादा दिक्कत नहीं होगी. इस पर राज्यसभा में बहस जारी है, उसके बाद वोटिंग की प्रक्रिया होगी.
राज्यसभा का नंबर गेम समझे?
राज्यसभा में इस समय 236 सांसद है. इस वजह से यहां बहुमत के लिए 119 सांसद है. एनडीए के पास इस समय 115 सांसद है. इसमें बीजेपी के 98 सदस्य है. वहीं अगर 6 मनोनीत सदस्यों को भी जोड़ ले तो इस लिहाज से यह संख्या 121 पहुंच जाती है. बता दें आमतौर पर मनोनीत सदस्य, सरकार को ही वोट करते हैं. इंडी गठबंधन के 85 सदस्य है जिनमें कांग्रेस के 27 सदस्य ऊपरी सदन में है. वहीं YSR कांग्रेस के 9, बीजेपी के 7 और AIADMK के 4 सदस्य राज्यसभा, इंडिया के साथ है.
लोकसभा से पारित हो चुका है बिल
इससे पहले वक्फ संशोधन बिल 2024 लोकसभा से पास हो गया है. विधेयक के पक्ष में 288 और विपक्ष में 232 मत पड़े. करीब 12 घंटे चली बहस के बाद यह बिल निचले सदन से पारित हो गया. संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू और विपक्ष के सांसदों ने अपने-अपने पक्ष रखे. अब यह विधेयक राज्यसभा में पेश किया जाएगा और फिर राष्ट्रपति की सहमति के लिए भेजा जाएगा.