बीजिंग: वर्ल्ड टेबल टेनिस (डब्ल्यूटीटी) ने शुक्रवार को अपनी हैंडबुक में बड़े बदलाव किए, जिसके तहत ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेताओं को विशेष “ओलंपिक चैंपियंस गोल्ड कार्ड” प्रदान किया जाएगा. इस कार्ड के जरिए वे सीधे डब्ल्यूटीटी ग्रैंड स्मैश और डब्ल्यूटीटी चैंपियंस में प्रवेश पा सकेंगे.
नए नियमों के तहत:
प्रति लिंग अधिकतम पांच ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेताओं को आमंत्रित किया जाएगा, जिसमें टीम स्पर्धा के तीन, एकल के लिए एक और मिश्रित युगल के लिए एक खिलाड़ी शामिल होगा.
64-खिलाड़ी वाले डब्ल्यूटीटी ग्रैंड स्मैश में तीन गोल्ड कार्ड दिए जाएंगे, जिससे शीर्ष 50 खिलाड़ियों के लिए स्वचालित प्रविष्टि अब शीर्ष 47 से 50 के बीच होगी.
32-खिलाड़ी वाले डब्ल्यूटीटी चैंपियंस के लिए शीर्ष 27 से 30 खिलाड़ियों को अब विश्व रैंकिंग के आधार पर सीधा प्रवेश मिलेगा.
ग्रैंड स्मैश एकल मुख्य ड्रॉ और क्वालीफाइंग के लिए प्रवेश की समय सीमा आयोजन से पांच से छह सप्ताह पहले होगी. अगर कोई ओलंपिक चैंपियन वर्तमान में विश्व रैंकिंग में शामिल नहीं है, तो उन्हें उनकी अंतिम सक्रिय रैंकिंग के आधार पर वरीयता दी जाएगी.
इसके अलावा, डब्ल्यूटीटी ग्रैंड स्मैश, डब्ल्यूटीटी फाइनल, डब्ल्यूटीटी स्टार कंटेंडर और डब्ल्यूटीटी कंटेंडर प्रतियोगिताओं की न्यूनतम पुरस्कार राशि भी बढ़ाई जाएगी. ये सभी बदलाव 1 अप्रैल से प्रभावी होंगे, और डब्ल्यूटीटी चैंपियंस इंचियोन (1-6 अप्रैल) इस नए नियम को लागू करने वाला पहला टूर्नामेंट होगा.
हिन्दुस्थान समाचार